आज रात डोनाल्ड ट्रंप और नरेंद्र मोदी के बीच होगी ‘ट्रंप-मोदी’ युग की शुरुआत! जानिये कैसे

नई दिल्ली – मंगलवार को प्रेसिडेंट बनने के बाद आज रात पहली बार डोनाल्ड ट्रम्प नरेंद्र मोदी को फोन करेंगे। पीएम मोदी और ट्रंप के बीच यह बातचीत भारतीय समय के मुताबिक, करीब रात 11.30 बजे होगी। इस दौरान वें राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से भी बात करेंगे।  ऐसी उम्मीद कि जा रही है कि इस बातचीत में भारत से जुड़े H-1B वीजा जैसे कई अन्य मुद्दों पर बात हो सकती है। इस चर्चा के बाद दोनों देशों के रिश्ते और मजबूत होंगे। गौरतलब है कि डोनाल्ड ट्रम्प ने 20 जनवरी को अमेरिका के 45 वें प्रेसिडेंट के रुप में शपथ ली थी। Trump pm modi talk on phone.

राष्ट्रपति बनने के बाद आज पहली बार बात करेंगे पीएम मोदी और ट्रंप –

राष्ट्रपति पद की शपथ लेने के बाद आज पहली बार डोनाल्ड ट्रम्प पीएम मोदी से बात करेंगे। ऐसी उम्मीद जताई जा रही है कि इस बातचीत के बाद दोनों देशों के बीच रिश्ते और मजबूत होंगे। वॉशिंगटन में भारत की डिप्लोमैट रहीं निरुपमा राव ने कहा है कि, ‘भारत को ट्रम्प और उनकी टीम से जल्द ही मुलाकात करनी चाहिए।’ हालांकि, भारतीय अधिकारियों का कहना है कि नए राष्ट्रपति की पॉलिसीज को समझने में थोड़ा वक्त लगेगा। गौरतलब है कि ट्रम्प अक्सर मोदी और भारत की तारीफ करते रहे हैं। ट्रम्प और उनका  परिवार हिन्दु धर्म में विश्वास करता है।

आगे पढ़िये > भारत और हिन्दुओं से काफी प्रभावित हैं ट्रंप, की थी भारत की तारीफ 

जैनी अमित शाह ने जुमलेबाजी कर स्वामी प्रसाद मौर्य को इस तरह से बर्बाद कर दिया की….

लखनऊ: बसपा छोड़कर :बीजेपी में शामिल हुए स्वामी प्रसाद मौर्या इन दिनों खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। इसकी वजह है बीजेपी से मन चाहा टिकट न मिलना। स्वामी प्रसाद मौर्य इन दिनों टिकट की मांग को लेकर एनजेपी से नाराज चल रहे हैं। स्वामी प्रसाद मौर्या को उनके मन के मुताबिक टिकट नहीं दिए गए हैं जिससे बीजेपी से उनकी नाराजगी बढ़ गयी है।

मौर्य ने जैनी अमित शाह पर धोखा देने का आरोप लगाते हुए कहा कि जैनी अमित शाह ने 30 सीटों का लालच देकर बसपा छुड़वायी थी मगर अब 3 सीट भी नहीं दे रहे हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक़ स्वामी प्रसाद मौर्य ने अपने बेटा-बेटी सहित अपने 30 करीबियों को टिकट देने की मांग की थी मगर बीजेपी ने ऐसा करने से इंकार कर दिया है।

बीजेपी अध्यक्ष जैनी अमित शाह इसीलिए स्वामी प्रसाद मौर्या से नहीं मिल रहे हैं। जैनी अमित शाह चाहते हैं कि पहले बीजेपी की लिस्ट जारी कर दी जाए उसके बाद मौर्य से मिला जाए ताकि मौर्य को सख्ती से हैंडल किया जा सके।

दरअसल यूपी चुनावों को लेकर बसपा मुखिया के साथ सतर्कता से निपटने की तैयारी में है। इसी के मद्देनजर जैनी अमित शाह ने मौर्य को 30 टिकट देने का वादा किया। जब वादा पूरा करने की बारी आई तो यह महज लोकसभा इलेक्शन की जुमलेबाजी की तरह जुमला ही साबित हो गया।

मौर्य को लेकर चर्चाएं चल रही हैं कि अब वे कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं। हालांकि मीडिया में ये भी खबरे है कि सपा में जा सकते हैं। वहीं जल्द ही सपा और कांग्रेस के गठबंधन की खबरें भी आ सकती हैं। हालांकि इतना तय है मौर्या को लालच देकर अपनी तरफ मिलाने का भाजपा का प्लान सिर्फ बीएसपी को नुकसान पहुंचाने का था। जिसमें स्वामी प्रसाद मौर्य को खासा नुकसान पहुंचा है।

यादव, कुर्मी और लोध के बाद मौर्या पिछड़ी बिरादरी में सबसे बड़ा जाति समूह है। इस जाति समूह में मौर्य, कुशवाहा, सैनी, शाक्य, काछी और मुराव जातियां आती हैं। इनकी आबादी करीब 8 फीसदी के आसपास है।

भाजपा की सूची में ब्राह्मणों को दरकिनार करने पर सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग

गाजियाबाद: पश्चिमी यूपी में भारतीय जनता पार्टी में इस बार सभी समाज के लोगों को टिकट दिया गया है, लेकिन पश्चिमी यूपी की दस से अधिक सीटों पर एक भी ब्राह्मण प्रत्याशी के नाम पर घोषणा नहीं की गई है। इसकी वजह से सोशल साइट्स पर भाजपा के खिलाफ जंग सी छिड़ गई है। फेसबुक पर साहिबाबाद से सुनील शर्मा और संजीव के नाम पर अटकलें चल रही हैं। वहीं ब्राह्मणों के इस विवाद की वजह से अभी तक पंकज सिंह के नाम पर मुहर नहीं लग पा रही है।

बता दें कि साहिबाबाद विधानसभा क्षेत्र से पिछला चुनाव सुनील शर्मा हार गए थे, लेकिन वे यहां कार्यकर्ताओं के बीच रहे और यहां तमाम पार्टी के कार्यक्रम भी कराते रहे हैं। पहले उन्हें टिकट का प्रबल दावेदार माना जा रहा था, लेकिन पंकज सिंह का नाम चलने की वजह से उनका नाम पीछे हो गया है।

इस बीच स्थानीय भाजपा नेता में संजीव शर्मा ने भी टिकट की मांग तेज कर दी। कल भी भाजपा की ओर से प्रत्याशियों के नाम घोषित किए गए, लेकिन साहिबाबाद से प्रत्याशी तब भी घोषित नहीं किया गया। माना जा रहा है कि अगर टिकट को लेकर ऐसे ही रस्साकशी चलती रही तो नामांकन के अंतिम समय में प्रत्याशी घोषित किया जाएगा।

वहीं कुछ कार्यकर्ता यह चाहते हैं कि साहिबाबाद से पंकज को टिकट मिले। अगर पंकज को टिकट नहीं मिलता है तो फिर सुनील शर्मा को प्रत्याशी बनाया जाए। भाजपा से टिकट ने मिलने वाले प्रत्याशी ने नाम न छापने की शर्त पर पुख्ता दावा किया है कि अगर गृहमंत्री के बेटे पंकज सिंह को साहिबाबाद सीट मिल भी गई तो वो निश्चत रूप से जीतेंगे, लेकिन इसकी कीमत दस सीट से अधिक का नुकसान झेलकर अदा करनी पड़ेगी।

जैनी अमित शाह ने टिकट बंटवारे में की बंदर बाँट, भाजपा कार्यकर्ताओ का विलन के घर विरोध प्रदर्शन

टिकट बंटवारे को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओ का शाह के घर विरोध प्रदर्शन

नई दिल्ली : भाजपा की बंदरबाँट टिकट वितरण के बाद किसी खेमे में ख़ुशी की लहर तो कई जगह मायूसी छा गयी है। उत्तर प्रदेश में जहाँ समाजवादी पार्टी और कांग्रेस में गठबंधन की ख़बरें आ रहीं है वहीँ दूसरी और भाजपा का बड़ा कार्यकर्ता वर्ग पार्टी से नाराज चल रहा है।

उत्तर प्रदेश के मुरादनगर विधान सभा से कमजोर प्रत्याशी को टिकट दिए जाने पर भाजपा कार्यकर्ताओ और मुराद नगर की आम जनता का गुस्सा बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के घर के बाहर नजर आया। जहाँ हजारों की संख्यां में पूर्व विधयक प्रत्याशी भाजपा नेता ब्रिजपाल सिंह तेवतिया के समर्थक उनके समर्थन में नारेबाजी करते नज़र आये। तेवतिया समर्थको की मांग है की की जिस को टिकट मिली है वो वापस हो और सहीं दावेदार को टिकेट दी जाये।

बरेली में टिकट बंटवारे से नाराज केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के साले वीरेंद्र ने बीजेपी महासचिव पद से इस्तीफा दे दिया है।

वहीँ बीजेपी के झुग्गी-झोपड़ी प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय संयोजक रहे सुनील भराला की मौजूदगी में उनके समर्थकों ने पार्टी दफ्तर के बाहर विरोध प्रदर्शन किया। भराला के समर्थक उनको मेरठ की सिवाल खास सीट से टिकट न दिए जाने से नाराज थे। बीजेपी ने लोकदल से आए जितेन्द्र सतवाई को यहां टिकट दिया है।

पार्टी के जमीनी कार्यकर्ताओं की खुले तौर पर नाराजगी यूपी चुनाव में खतरे की घंटी बजाने लगी है। अगर वक्त रहते इसे काबू नहीं किया गया तो यूपी में बीजेपी को लगने वाला ‘फील गुड’ उल्टा पड़ सकता है।

टिकट बटते ही बीजेपी में बगावत, कहीं नेताओ पर कालिख तो कही फोटो पर बरसाये चप्पल

उत्तरप्रदेश : उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए बीजेपी की 149 प्रत्याशियों की लिस्ट आते ही पार्टी में बगावत के सुर बुलंद होने लगे हैं। सबसे ज्यादा विरोध ‘बाहरी’ नेताओं को प्रत्याशी बनाए जाने को लेकर है।

इसी क्रम में कासगंज में बीजेपी के कार्यकर्ताओं ने ही नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राजनाथ सिंह आदि की तस्वीर पर कालिख पोत डाली और चप्पल बरसाये। यही नहीं बरेली में भी टिकट बंटवारे से नाखुश नेता ने संगठन के पद से इस्तीफा दे दिया।

जानकारी के अनुसार कासगंज में पटियाली सीट से बीजेपी ने ममतेश शाक्य को प्रत्याशी घोषित किया है। ममतेश 2012 में बसपा के टिकट पर अमापुर से विधायक बने थे। हाल ही में उन्होंने बीजेपी ज्वाइन की है। इस सीट से पार्टी के श्याम सुंदर गुप्ता अपनी दावेदारी कर रहे थे।टिकट की घोषणा के बाद श्याम सुंदर के समर्थकों की तरफ से मंगलवार को पार्टी के पोस्टर पर पीएम मोदी के चेहरे पर कालिख पोती गई। तस्वीर में साफ दिख रहा है कि कार्यकर्ता हाथ में चप्पल लेकर अपना रोष व्यक्त कर रहे हैं।

उधर इस संबंध में श्याम सुंदर गुप्ता की तरफ से साफ कहा गया है कि उनका इस विरोध से कोई लेना देना नहीं है, ये कार्यकर्ता हैं जो अपना रोष व्यक्त कर रहे हैं।

उधर बरेली में टिकट बंटवारे को लेकर केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार के साले वीरेंद्र ने बीजेपी महासचिव पद से इस्तीफा दे दिया है। बरेली में ही प्रत्याशियों की सूची जारी होते ही बीजेपी के जिला महामंत्री धीरेंद्र सिंह वीरू ने पद से इस्तीफा दे दिया है। धीरेंद्र बसपा छोड़ बीजेपी में पिछले दिनों आए केसर सिंह को नवाजगंज से टिकट दिए जाने से क्षुब्ध हैं।

बीजेपी की पहली लिस्ट की बात करें तो दो दर्जन से ज्यादा बाहरियों को पार्टी ने प्रत्याशी घोषित किया है, इनमें बसपा से आए नेताओं की संख्या सबसे ज्यादा है। इनके अलावा रालेाद, कांग्रेस और सपा के भी कई नाम बीजेपी की लिस्ट का हिस्सा बने हैं।

सपा का टिकट लौटाने वाली हेमलता दिवाकर को आगरा ग्रामीण से टिकट दिया गया है, जबकि पूर्व मंत्री महेन्द्र अरिदमन सिंह की पत्नी पक्षालिका सिंह को बाह से टिकट मिला है. हालांकि पार्टी ने महेन्द्र अरिदमन को टिकट नहीं दिया है।

इनके अलावा आगरा के फतेहाबाद के विधायक छोटेलाल वर्मा की जगह जितेन्द्र वर्मा को मैदान में उतारा है। संगठन में सक्रिय जितेन्द्र वर्मा सपा से होकर भाजपा में आए हैं।

बेहट में बसपा से आए विधायक महावीर राणा, नकुड़ में धर्म सिंह सैनी, नहटौर में ओम कुमार, तिलहर से रोशन लाल वर्मा, धौरहरा में बाला प्रसाद अवस्थी, पलिया में रोमी साहनी को टिकट दिया गया है। इनके अलावा गंगोह में कांग्रेस से आए विधायक प्रदीप चौधरी को बीजेपी ने प्रत्याशी बनाया है।

बरौली में रालोद से आए दलवीर सिंह और बलदेव सुरक्षित के विधायक पूरन प्रकाश को टिकट मिला है। बसपा से आईं पूर्व मंत्री ओमवती देवी, किठौर में रालोद से आए सत्यवीर त्यागी, बागपत में योगेश धामा, मुरादनगर सपा से आए पूर्व मंत्री राजपाल त्यागी के पुत्र अजीतपाल त्यागी, धौलाना में कांग्रेस से आए रमेश तोमर, गोला गोकर्णनाथ में पूर्व विधायक अरविन्द गिरी, शिकारपुर में बसपा से आए अनिल शर्मा, छाता में बसपा से आए पूर्व मंत्री चौधरी लक्ष्मी नारायण, शिकोहाबाद में डॉ. मुकेश वर्मा को टिकट दिया गया है।

यूपी से गुंडाराज मिटाने के लिए अपने 45 विधायकों के साथ बीजेपी में शामिल होंगे राजा भैया !

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नई दिल्लीः समाजवादी पार्टी में मची उथल-पुथल के बीच विधायक सुरक्षित ठिकाने की तलाश में जुट गए हैं। यूपी से बड़ी खबर है कि सपा के 45 विधायक भाजपा में शामिल होने का मूड बना लिए हैं। यूपी प्रभारी ओम माथुर और प्रदेश अध्यक्ष केशव प्रसाद मौर्य के जरिए अधिकांश विधायकों की मीटिंग भी अमित शाह से हो चुकी है। मोदी की सहमति मिलते ही ये विधायक सपा की खतरे में पड़ी साइकिल छोड़ कमल का फूल थामे जल्द दिख सकते हैं। कहा जा रहा है कि विधायकों की अगुवाई सपा नेतृत्व से असंतुष्ट चल रहे रघुराज प्रताप सिंह राजा भैया और पूर्व मंत्री महेंद्र अरिंदमन सिंह कर रहे हैं। हालांकि इन विधायकों की मंशा पूरी होने की राह में यूपी के कई पुराने भाजपा नेताओं का रुख बाधक भी बन सकता है। दरअसल भाजपा के पुराने नेताओं को आशंका है कि सपा के विधायकों की एंट्री से टिकट के दावेदार पुराने भाजपाइयों का पत्ता साफ हो सकता है, जो पार्टी में आंतरिक असंतोष का कारण बन सकता है।

जिस तरह से मुलायम और अखिलेश के बीच जारी विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा। साइकिल चुनाव चिह्न भी जब्त होने की कगार पर है। उससे संबंधित विधायकों को लगता है कि सपा के किसी भी धड़े से चुनाव लड़ने पर उन्हें हार का सामना करना पड़ेगा। लिहाजा उन्होंने भाजपा के बैनर तले चुनाव लड़ने की तैयारी शुरू की है। सूत्र बता रहे हैं कि सपा के पूर्व मंत्री राजा अरिदमन सिंह सपा को छोड़कर बीजेपी के केंद्रीय कार्यालय में ओम माथुर और यूपी भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष केशव मौर्य की मौजूदगी में वो भाजपा ज्वाइन करेंगे। इससे पहले शुक्रवार को सपा के राष्ट्रीय महासचिव अशोक प्रधान ने सपा से किनारा करते हुए भाजपा का दामन थाम चुके हैं।

(यह खबर कोबरा पोस्ट के द्वारा सम्पादित की गयी है यूनाइटेड हिन्दी डॉट कॉम इसपर किसी प्रकार का दावा नहीं करता है)

नए साल में खादी उद्योग के कैलेंडर, डायरी पर छाए पीएम नरेंद्र मोदी, बापू हुए किनारे

 

खादी उद्योग के कैलेंडर, डायरी में इसी तस्‍वीर का उपयोग किया गया है।

नई दिल्ली : खादी ग्राम उद्योग आयोग (KVIC) द्वारा साल 2017 के लिए प्रकाशित कैलेंडर और टेबल डायरी से इस बार राष्‍ट्रपिता महात्‍मा गांधी गायब हैं। सूत्रों के अनुसार, बापू की जगह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ले ली है। कैलेंडर के कवर फोटो और डायरी में बड़े से चरखे पर खादी कातते मोदी की तस्‍वीर देखकर संस्‍थान के ज्‍यादातर कर्मचारी हैरान रहे गए। मोदी की तस्‍वीर गांधी के सूत कातने वाले क्‍लासिक पोज में है। जहां एक साधारण से चरखे पर अपने ट्रेडमार्क पहनावे में खादी बुनते गांधी की ऐतिहासिक तस्‍वीर थी, वहां अब कुर्ता-पायजामा-वेस्‍टकोट पहने मोदी नया चरखा चलाते दिखते हैं। इस कदम से क्षुब्‍ध KVIC कर्मचारियों ने गुरुवार को विले-पार्ले मुख्‍यालय में शांतिपूर्वक प्रदर्शन करने का फैसला किया और भोजनावकाश के समय मुंह पर काली पट्टी बांधी। इस संबध में जब KVIC चेयरमैन विनय कुमार से पूछा गया तो उन्‍होंने कहा कि यह ‘असामान्‍य’ नहीं है और पूर्व में भी ऐसा होता रहा है।

सक्‍सेना ने आईएएनएस से बातचीत में कहा, ”पूरा खादी उद्योग की गांधीजी के दर्शन, विचारों और आदर्शों पर टिका हुआ है, वह KVIC की आत्‍मा हैं। इसलिए उन्‍हें नजरअंदाज करने का सवाल ही नहीं है।” उन्‍होंने कहा कि मोदी लंबे समय से खादी पहनते रहे हैं और उन्‍होंने इसे देश में और विदेशी हस्तियों के बीच लोकप्रिय बनाया है, वह खादी के इर्द-गिर्द अपना स्‍टाइल गढ़ते रहे हैं। सक्‍सेना ने कहा, ”दरअसल, वह (मोदी) खादी के सबसे बड़े दूत हैं और उनका विजन KVIC से मिलता है, गांवों को आत्‍मनिर्भर बनाकर ‘मेक इन इंडिया’ का। ग्रामीण जनता के बीच रोजगार सृजित कर ‘स्किल डेवलपमेंट’ का, खादी के बुनने, मार्केटिंग के लिए आधुनिक तकनीक लाना, इसके अलावा पीएम यूथ आइकन हैं।”

KVIC के एक वरिष्‍ठ अधिकारी इस बारे में कहा है, ”हम सरकार द्वारा महात्‍मा गांधी के विचारों, दर्शन और आदर्शों को सुनियोजित तरीके से खत्‍म करने से तकलीफ में हैं। पिछले साल कैलेंडर मं पीएम की तस्‍वीरें लगाकर पहली कोशिश की गई थी।

2016 में, KVIC की स्‍टाफ यूनियनों ने कैलेंडर में मोदी की फोटो के मामले को मजबूती से उठाया था, जिसके बाद प्रबंधन ने आश्‍वासन दिया था कि भविष्‍य में ऐसा नहीं किया जाएगा। मोदी के नाम पर एक खादी उत्‍पाद का नाम भी रखा गया है- कैजुअल और आधी बांह वाला ‘मोदी कुर्ता’, गुजरात के मुख्‍यमंत्री के तौर पर मोदी ने वैसे कुर्ते पहनने शुरू किए थे, जिसके बाद कई अलग रंगों और स्‍टाइल के साथ उन्‍होंने सार्वजनिक कार्यक्रमों में खादी पहनी।

 

देखिये वीडियो : पीएम मोदी को मुस्लिम संगठन ने जान से मारने की दी सुपारी, पुरे देश में मचा हडकंप…

 

सैयद मोहम्मद नुरूर रहमान बरकती

कोलकाता की एक टीपू सुल्तान मस्जिद के इमाम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ ‘फतवा’ जारी करते हुए आरोप लगाया कि मोदी ने नोटबंदी के जरिए लोगों को ‘ठगा’ है।

इमाम ने फतवा जारी करके कहा है कि जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का सिर और दाढ़ी मुंडेगा उसे 25 लाख रुपए दिए जाएगा। मौलवी का फतवा जारी करते हुए वीडियो सामने आया है। इस वीडियो में मौलवी के साथ टीएमसी सांसद इदरीस अली भी बैठे थे। इस वीडियो में साफ तौर पर देखा जा सकता है कि जब मौलवी ने फतवा जारी किया तो टीएमसी सांसद ने तालियां बजाईं। वीडियो में पीछे एक पोस्टर लगा हुआ है, जिस पर लिखा हुआ है, ‘ममता लाओ, मोदी हटाओ, देश बचाओ’।

फतवा जारी करते हुए कोलकाता की टीपू सुल्तान मस्जिद के शाही इमाम सैयद मोहम्मद नुरूर रहमान बरकती ने कहा, ‘रोजाना लोग परेशान हो रहे हैं और समस्या का सामना कर रहे हैं। मोदी समाज और निर्दोष लोगों को नोटबंदी के जरिए ठग रहे हैं और कोई भी नहीं चाहता कि वह प्रधानमंत्री पद पर बने रहें। पीएम मोदी का सिर और दाढ़ी मूंडने वाले को 25 लाख रुपए दिए जाएंगे।’ साथ ही मौलवी ने बोला का कि लोग ममता बनर्जी को प्रधानमंत्री बनते हुए देखना चाहते हैं।

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देखें वीडियो : संस्कार वाली पार्टी के चमत्कार, Bjp की परिवर्तन रैली में हुआ नंगा नाच….

संस्कार वाली पार्टी के चमत्कार

लखनऊ: जैसे जैसे यूपी चुनाव नजदीक आता जा रहा है भाजपा नित नये दिने चुनाव जीतने के नये नये हत्कंडे अपना रही है अबकी बार बीजेपी ने तो हद ही कर दी है, परिवर्तन रैली में भीड़ इकट्ठा करने के लिए बार डांसरों को बुला कर अश्लील डांस कराया गया।

विडियो शेयरिंग वेबसाइट यूट्यूब पर अपलोड विडियो के अनुसार भाजपा ने उप चुनाव से पहले परिवर्तन रैली में भीड़ इकठ्ठा करने करने के लिए बार डांसरों से अश्लील डांस कराया गया और बड़े नेताओं के आने से पहले ही उन्होंने बालाओं को ठिकाने लगा दिया।

वीडियो देखें:-